
पुणे, दिव्यराष्ट्र/ महिंद्रा के ट्रक एंड बस व्यवसाय ने अपने मशहूर कॉर्पोरेट सामाजिक ज़िम्मेदारी (सीएसआर) कार्यक्रम, महिंद्रा सारथी अभियान का 12वां संस्करण शुरू की घोषणा की है। इसके तहत 10वीं क्लास पास कर चुकी और आगे की पढ़ाई कर रही ट्रक ड्राइवरों की बेटियों को 10,000 रुपये की 1000 अन्य छात्रवृत्ति देने की योजना है। इस कार्यक्रम का लक्ष्य है, ट्रक ड्राइवरों के उस जज़्बे को सलाम करना और सम्मान देना, जिससे वे अपनी बेटियों को जीवन में आगे बढ़ने का समान मौका देते हैं और उन्हें 10वीं कक्षा से आगे पढ़ाते हैं। यह पहल 2014 में शुरू हुई थी। इस छात्रवृत्ति को पाने योग्य ट्रक ड्राइवरों की बेटियों का चयन देश भर के 75 से ज़्यादा परिवहन केंद्रों पर एक स्पष्ट, पारदर्शी और स्वतंत्र प्रक्रिया के ज़रिए किया जाएगा। अब तक 11,029 युवतियों को यह छात्रवृत्ति मिल चुकी है।
विनोद सहाय – अध्यक्ष – ट्रक, बस और निर्माण उपकरण, समूह कार्यकारी निदेशक मंडल के सदस्य, ने कहा, “महिंद्रा सारथी अभियान के ज़रिए, हम सिर्फ छात्रवृत्ति ही प्रदान नहीं कर रहे हैं, बल्कि लड़कियों के लिए बेहतर भविष्य की संभावनाएं भी पेश कर रहे हैं और युवाओं के बीच उम्मीद भी जगा रहे हैं।” महिंद्रा समूह के व्यवसाय प्रमुख – ट्रक, बस और निर्माण उपकरण, डॉ. वेंकट श्रीनिवास ने इस मौके पर कहा, “महिंद्रा सारथी अभियान के ज़रिए हमारी कोशिश है कि न केवल ट्रक ड्राइवरों की बेटियों को आगे बढ़ने का माहौल मिले बल्कि नए अवसर और प्रेरणा का माहौल भी बने।”






