
शेखावाटी के जन जीवन से हुए रूबरू
जयपुर, दिव्यराष्ट्र:/ जयपुर के युवाओं के एक दल ने नवलगढ़ की हवेलियों को देखा। इस दौरान उन्होंने शेखावाटी के जन जीवन का अनुभव भी लिया। विदेशी भाषाओं के शिक्षण संस्थान ई-लैंग्वेज स्टूडियो – जर्मन स्पीकर्स क्लब द्वारा शनिवार को 108 विद्यार्थियों के साथ विशेष ‘स्प्राखराइज़’ (Language Immersion Trip) का आयोजन किया गया। यात्रा का उद्देश्य विद्यार्थियों को जर्मन भाषा का व्यावहारिक अभ्यास, सांस्कृतिक अनुभव, टीम बिल्डिंग तथा व्यक्तित्व विकास का अवसर प्रदान करना था।
यात्रा के दौरान विद्यार्थियों ने शेखावाटी के ऐतिहासिक नगर नवलगढ़ की सैकड़ों वर्ष पुरानी विश्वप्रसिद्ध हवेलियों का भ्रमण कर उनकी अद्भुत भित्ति चित्रकला एवं स्थापत्य कला को करीब से देखा। इसके बाद सभी विद्यार्थियों ने साइंस पार्क में विभिन्न वैज्ञानिक गतिविधियों और मॉडलों का अवलोकन किया तथा रोचक प्रयोगों के माध्यम से विज्ञान को व्यवहारिक रूप में समझा।
इसके पश्चात दल एक ग्रामीण परिवेश में पहुँचा, जहाँ विद्यार्थियों ने प्रकृति की गोद में समय बिताया, सामूहिक भोजन किया तथा ग्रामीण जीवन, प्राकृतिक वातावरण और स्थानीय संस्कृति का अनुभव प्राप्त किया। पूरे दिन विद्यार्थियों ने जर्मन भाषा में संवाद किए, अपने अनुभव साझा किए तथा विभिन्न समूह गतिविधियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। बस यात्रा के दौरान भी जर्मन भाषा में बातचीत, गीत, खेल और प्रस्तुतियों ने पूरे माहौल को जीवंत बनाए रखा।
संस्थान के निदेशक देवकरण सैनी ने बताया कि ई-लैंग्वेज स्टूडियो वर्ष 2015 से लगातार विद्यार्थियों के लिए ऐसे भाषा भ्रमण आयोजित करता आ रहा है। अब तक संस्थान विद्यार्थियों को आगरा (ताजमहल), पुष्कर, अजमेर, आमेर किला, जयगढ़ किला, समोद की पहाड़ियाँ सहित अनेक ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक स्थलों की शैक्षणिक यात्राएँ करा चुका है।
उन्होंने कहा कि भाषा सीखने का सबसे प्रभावी तरीका वास्तविक परिस्थितियों में उसका प्रयोग करना है। ऐसे लैंग्वेज इमर्शन ट्रिप्स विद्यार्थियों में आत्मविश्वास बढ़ाने, संचार कौशल विकसित करने, नेतृत्व क्षमता निखारने तथा आपसी सहयोग और मित्रता को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विद्यार्थियों ने भी इस यात्रा को जीवन का एक यादगार और प्रेरणादायक अनुभव बताया।






