Home न्यूज़ जीआरएम ओवरसीज को ओमान से बासमती राइस का ऑर्डर मिला

जीआरएम ओवरसीज को ओमान से बासमती राइस का ऑर्डर मिला

50
0
Google search engine

हरियाणा: जीआरएम (GRM) ओवरसीज़ लिमिटेड (जीआरएम) को एग्रीकल्चरल, फिशरीज वेल्थ एंड वाटर रिसोर्सेज़ (मत्स्य पालन संपदा व जल संसाधन) मिनिस्ट्री, ओमान सल्तनत से 4,500 मीट्रिक टन प्रीमियम बासमती राइस की आपूर्ति के लिए अपना पहला ऑर्डर प्राप्त हुआ है, इस ऑर्डर का मूल्य 465 मिलियन भारतीय रुपये है।

गवर्नमेंट MENA (मिडिल ईस्ट/नॉर्थ अफ्रीका) क्षेत्र की एंटिटीज़ बासमती राइस के लगभग 7,00,000 मीट्रिक टन से अधिक इम्पोर्ट के साथ जीआरएम ओवरसीज़ के लिए एक महत्वपूर्ण टार्गेट मार्केट बनाती हैं। MENA (मिडिल ईस्ट/नॉर्थ अफ्रीका) क्षेत्र बासमती राइस का सबसे बड़ा इम्पोर्टर है, जिसकी फाइनेंशियल ईयर 23 में भारत से कुल निर्यात में एक बड़ी हिस्सेदारी 78% है, जबकि यूरोप का योगदान 6.9% और संयुक्त राज्य अमेरिका और कनाडा को जोड़कर यह योगदान 6.6% (फाइनेंशियल ईयर 23) है। जीआरएम ओवरसीज़ ने खुद को रणनीतिक रूप से स्थापित किया है, क्योंकि इसका 95% निर्यात कारोबार MENA (मिडिल ईस्ट/नॉर्थ अफ्रीका) क्षेत्र में है और इसने खुद को MENA क्षेत्र में शीर्ष 5 बासमती राइस निर्यातकों में से एक के रूप में स्थापित किया है।

मैनेजिंग डायरेक्टर श्री अतुल गर्ग ने आगे कहा कि, “हम भारतीय बासमती चावल के सबसे बड़े उपभोक्ताओं में से एक ओमान सल्तनत से यह पहला ऑर्डर पाकर रोमांचित हैं। यह हमारे बासमती राइस की क्वॉलिटी और इसकी बढ़ती मांग के प्रति ओमान की मान्यता का प्रतीक है। देश में हम इस ऑर्डर को बासमती राइस के सबसे बड़े कंज्यूम क्षेत्र मिडिल ईस्ट में नियमित व्यापार के अवसरों के गेटवे  के रूप में देखते हैं। हम इस क्षेत्र में अपनी उपस्थिति को और मज़बूत करने और अपने व्यापार में विविधता लाने के लिए तत्पर हैं।”

1974 में मामूली शुरुआत से लेकर जीआरएम (GRM) के रूप में खुद को फिर से परिभाषित करने तक, कंपनी ने तब से एक लंबा सफर तय किया है। शुरुआत में राइस प्रोसेसिंग  और ट्रेडिंग हाउस के रूप में स्थापित यह कंपनी, एक कंज्यूम स्टेपल्स ऑर्गेनाइजेशन बनने के लिए बढ़ रही है। प्रारंभिक वर्षों के दौरान, जीआरएम (GRM) ने मिडिल ईस्ट, यूनाइटेड किंगडम और संयुक्त राज्य अमेरिका को चावल निर्यात किया। धीरे-धीरे अपनी पहुंच का विस्तार करते हुए, जीआरएम (GRM) ने 42 देशों में अपने चावल के लिए एक बाज़ार विकसित किया है, जिससे भारत में  इसे तीसरे प्रमुख चावल निर्यातक का खिताब हासिल हुआ है। जीआरएम (GRM) की कुल वार्षिक उत्पादन क्षमता 4,40,800 मीट्रिक टन की तीन राइस प्रोसेसिंग यूनिट्स हैं जो पानीपत (हरियाणा), नौल्था (हरियाणा) और गांधीधाम (गुजरात) में स्थित हैं।

इसके अतिरिक्त, कंपनी के पास गांधीधाम प्लांट के पास 1.75 लाख वर्ग फुट स्पेस की वेयरहाउसिंग फैसिलिटी है, जो कांडला और मुंद्रा बंदरगाहों से स्पीडी शिपमेंट की सुविधा देती है। जीआरएम (GRM) अपने ब्रांड्स, जैसे “IOX”, ” Himalaya River” और “Tanoush” के तहत प्रोडक्ट्स बेचता है और कस्टमर ब्रांड्स के तहत निजी लेबल व्यवस्था के माध्यम से भी प्रोडक्ट्स बेचता है। जीआरएम (GRM) ने हाल के वर्षों में अपने ब्रांड्स और प्रोडक्ट्स के साथ सीधे उपभोक्ताओं तक पहुंचने का प्रयास किया है। अपने प्रोडक्ट्स को भारत और विदेशों में कई प्रमुख रिटेलर्स की शेल्फ पर रखकर, जीआरएम (GRM) ने यह सुनिश्चित किया है कि एंड कंज्यूमर को हमेशा उनके हाई- क्वॉलिटी प्रोडक्ट्स तक आसान पहुंच मिले। कंपनी का लक्ष्य अंतर्राष्ट्रीय आवश्यकताओं के अनुसार दृढ़ और सक्रिय क्वॉलिटी  कंट्रोल प्रोसीजर के साथ ग्राहकों को सर्वोत्तम गुणवत्ता वाले उत्पाद प्रदान करना है।

Google search engine

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here