आईटी समाधान और सेवाओं की वैश्विक प्रदाता कंपनी हेक्सावेयर टेक्नोलॉजीज [एनएसई: एचईएक्सटी] ने आज ‘जीरो फ्रिक्शन एंटरप्राइज’ पेश किया। यह एक डिलीवरी फ्रेमवर्क है, जिसे पूरे एंटरप्राइज में प्रदर्शन को प्रभावित करने वाली परिचालन और तकनीकी बाधाओं को दूर करने के लिए तैयार किया गया है।
अक्सर ऐसी बाधाएं उन क्षेत्रों में धीरे-धीरे बढ़ती हैं, जहां शुरुआत में उन्हें पहचानना मुश्किल होता है—जैसे पुराने कोड, सुरक्षा जोखिम, डिलीवरी में देरी, परिचालन संबंधी अव्यवस्था, देर से सामने आने वाली तकनीकी खामियां और सॉफ्टवेयर पर निर्भरता। इनमें से प्रत्येक चुनौती को अलग-अलग संभाला जा सकता है, लेकिन सामूहिक रूप से ये किसी एंटरप्राइज की प्रतिक्रिया देने, बदलाव के अनुरूप ढलने और नवाचार करने की क्षमता को कमजोर कर सकती हैं।
जीरो फ्रिक्शन एंटरप्राइज के तहत हेक्सावेयर की मॉडर्नाइजेशन, साइबर सुरक्षा, इंजीनियरिंग, ऑपरेशंस, क्वालिटी और एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर क्षमताओं को एक साथ जोड़ा गया है। पूरे एंटरप्राइज में मौजूद बाधाओं को एक कनेक्टेड सिस्टम के रूप में संबोधित करके यह फ्रेमवर्क कंपनियों को अधिक गति, स्पष्टता और नियंत्रण के साथ अपने ‘नॉर्थ स्टार’ लक्ष्य की ओर बढ़ने में मदद करता है।
हेक्सावेयर के सीईओ एवं एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर आर. श्रीकृष्ण ने कहा, “हमारा विजन प्रत्येक ग्राहक को जीरो फ्रिक्शन एंटरप्राइज बनने में मदद करना है। इसकी शुरुआत हर ग्राहक को इतनी गहराई से समझने से होती है कि उसे लगे कि वह हमारा एकमात्र ग्राहक है। इसके बाद हम उनके व्यवसाय और टेक्नोलॉजी एस्टेट में प्रगति को धीमा करने वाली बाधाओं की पहचान कर सकते हैं और एआई, विशेषज्ञता तथा मानवीय निर्णय क्षमता के सही संयोजन से उनका समाधान कर सकते हैं।”
जीरो फ्रिक्शन एंटरप्राइज के प्रमुख स्तंभ
जीरो वल्नरेबिलिटी: जीरो-ट्रस्ट और पहचान-केंद्रित साइबर सुरक्षा, जो कंपनियों को खतरों की पहले पहचान करने और उन्हें नियंत्रित करने में मदद करती है।
जीरो टेक डेट: ऐसी मॉडर्नाइजेशन प्रक्रिया, जो तकनीकी ऋण को कम करती है और बदलाव की गति बढ़ाती है।
जीरो बैकलॉग: एआई-आधारित इंजीनियरिंग, जो टीमों को आवश्यकताओं से लेकर बिल्ड, टेस्ट और रिलीज तक तेजी से आगे बढ़ाती है।
जीरो डिफेक्ट्स: एआई-संचालित क्वालिटी इंजीनियरिंग, जो समस्याओं को पहले ही पहचानकर दोबारा काम करने की जरूरत कम करती है।
जीरो टिकट्स: एआई-संचालित ऑपरेशंस, जो समस्याओं के यूजर्स तक पहुंचने से पहले उनका अनुमान लगाकर समाधान करने में मदद करता है।
जीरो लाइसेंस: एजेंट-निर्मित क्षमताएं, जो कंपनियों को अपने अधिक बिजनेस लॉजिक का स्वामित्व हासिल करने और प्रति-यूजर सॉफ्टवेयर पर निर्भरता कम करने में मदद करती हैं।
इन सभी स्तंभों की नींव ‘इनफिनिट ट्रस्ट’ है। यह डेटा की तैयारी, सुरक्षा, गवर्नेंस और ऑब्जर्वेबिलिटी को एक साथ जोड़ने वाली आधारभूत परत है, जो एआई को सुरक्षित, जिम्मेदार और एंटरप्राइज स्तर पर प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए आवश्यक परिस्थितियां तैयार करती है।
हेक्सावेयर कैसे ‘जीरो फ्रिक्शन’ प्रदान करता है
हेक्सावेयर का एआई-आधारित और मानवीय बुद्धिमत्ता से परिष्कृत डिलीवरी मॉडल उसके ‘जेरोविटी™’ प्लेटफॉर्म पर आधारित है। यह पूरे एंटरप्राइज में नियंत्रित समन्वय के लिए एआई डिलीवरी लेयर के रूप में काम करता है। माइग्रेशन और मॉडर्नाइजेशन से लेकर एजेंटिक सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, एआईऑप्स, रिलीज, क्लाउड ऑपरेशंस और एंटरप्राइज वर्कफ्लो तक, जेरोविटी™ उन क्षेत्रों को एक ही प्लेटफॉर्म पर लाता है, जो आमतौर पर अलग-अलग साइलो में काम करते हैं।
हेक्सावेयर के प्रेसिडेंट एवं ग्लोबल हेड, डिजिटल आईटी ऑपरेशंस एवं एआई, सिद्धार्थ धर ने कहा, “एआई अब एंटरप्राइज को इंफ्रास्ट्रक्चर, ऑपरेशंस, इंजीनियरिंग, सर्विस और बिजनेस वर्कफ्लो के बीच एक कनेक्टेड व्यू प्रदान करता है। इसके ऊपर एजेंटिक कॉग्निटिव लेयर के साथ ग्राहक एक ऐसे कमांड सेंटर के जरिए पूरे सिस्टम में इंटेलिजेंस और सुधार लागू कर सकते हैं।”
जीरो फ्रिक्शन एंटरप्राइज ग्राहकों को उन बाधाओं से निपटने का एकीकृत तरीका प्रदान करता है, जिन्हें आमतौर पर अलग-अलग पहलों के माध्यम से संभाला जाता है। इससे कंपनियां अपनी मुख्य प्राथमिकताओं पर अधिक ध्यान केंद्रित कर सकती हैं और ‘जीरो फ्रिक्शन’ को ‘इनफिनिट मोमेंटम’ में बदल सकती हैं।





