************************ * 19जून 2026, शुक्रवार का पंचांग
ज्येष्ठ शुक्ल पंचमी
ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष पंचमी (लगभग 5:00 सायं तक, उसके बाद षष्ठी)।
नक्षत्र:
आश्लेषा (लगभग 10:06 AM तक), उसके बाद मघा।6d39c4
योग:
हर्षण (लगभग 2:53 PM तक), उसके बाद वज्र योग।3e56c0
करण:
बालव (सुबह से दोपहर तक), उसके बाद कौलव।e0b86f
संवत:
विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थि)
शक संवत: 1948 (पराभव)
अमांत/पूर्णिमांत मास: ज्येष्ठ
ऋतु एवं अयन:
ग्रीष्म ऋतु, उत्तरायण।
सूर्योदय एवं सूर्यास्त (उज्जैन/दिल्ली क्षेत्रानुसार):
सूर्योदय: लगभग 5:27 प्रातः से 5:45
सूर्यास्त: लगभग 7:10 PM से 7:17 PM
चंद्रोदय एवं चंद्रास्त:
चंद्रोदय: लगभग 9:46 AM से 9:59 AM
चंद्रास्त: लगभग 11:08 PM
चंद्र राशि:
प्रातः 10:06 तक कर्क, उसके बाद सिंह राशि।
अशुभ मुहूर्त (सावधानी बरतें):
राहुकाल: लगभग 10:38 से अपराह्न 12:22 (कोई शुभ कार्य न करें)
यमगंड: दोपहर बाद
गुलिक काल: सुबह के समय
दुर्मुहूर्त: कुछ छोटे अंतराल
शुभ मुहूर्त:
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर में (लगभग 12:01 सेदोपहर 12:55 तक)
अमृत काल: सुबह के समय
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4 बजे के आसपास
विशेष त्यौहार/व्रत:
शीतला षष्ठी का दिन
आज पंचमी तिथि और शुक्रवार होने के कारण धार्मिक कार्यों, पूजा-पाठ और नए शुभ कार्यों के लिए मध्यम शुभ माना जाता है। राहुकाल के दौरान महत्वपूर्ण निर्णय या यात्रा से बचें। गंडमूल नक्षत्र (आश्लेषा) का प्रभाव सुबह तक रह सकता है।



