हैदराबाद, दिव्यराष्ट्र:/ डॉ. के. आनंद कुमार, प्रबंध निदेशक, इंडियन इम्यूनोलॉजिकल्स लिमिटेड को बायोटेक्नोलॉजी और वैक्सीन विकास के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रतिष्ठित एफएबीए लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान फेडरेशन ऑफ एशियन बायोटेक एसोसिएशंस ( एफएबीए) द्वारा प्रदान किया गया।
यह पुरस्कार वैक्सीन अनुसंधान, विकास एवं निर्माण के क्षेत्र में डॉ. आनंद कुमार के दीर्घकालिक योगदान तथा मानव और पशु स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका के लिए दिया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि उनके नेतृत्व ने भारत के वैक्सीन इकोसिस्टम को सशक्त बनाने और गुणवत्तापूर्ण तथा किफायती वैक्सीन उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। [एफएबीए लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड को बायोटेक्नोलॉजी और लाइफ साइंसेज जगत के सबसे प्रतिष्ठित सम्मानों में गिना जाता है। इससे पहले यह सम्मान डॉ. साइरस पूनावाला, डॉ. पैट्रिक वेलेंस, डॉ. बलराम भार्गव और डॉ. सौम्या स्वामीनाथन जैसे प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों एवं उद्योग जगत की हस्तियों को मिल चुका है।
अपने सम्मान पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए डॉ. के. आनंद कुमार ने कहा कि यह उपलब्धि केवल उनकी नहीं, बल्कि वैज्ञानिक समुदाय, शोधकर्ताओं, स्वास्थ्य पेशेवरों और इंडियन इम्यूनोलॉजिकल्स लिमिटेड की पूरी टीम के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने देश में अनुसंधान, नवाचार और स्वदेशी वैक्सीन विकास को और मजबूत करने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
उनके नेतृत्व में इंडियन इम्यूनोलॉजिकल्स लिमिटेड ने देश के अग्रणी वैक्सीन निर्माताओं में अपनी स्थिति मजबूत की है। कंपनी मानव और पशु स्वास्थ्य दोनों क्षेत्रों के लिए वैक्सीन विकसित और निर्मित कर रही है तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य, पशु स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा को बढ़ावा देने में योगदान दे रही है।
गौरतलब है कि 1982 में नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा स्थापित IIL आज भारत की प्रमुख वैक्सीन निर्माण कंपनियों में शामिल है और गुणवत्तापूर्ण एवं किफायती वैक्सीन की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।