डॉक्टर सलाह और होम हेल्थ केयर सेवाओं को किया मजबूत
घर पर इलाज और अस्पताल में योजना मुताबिक भर्ती होने में मदद के लिए सीधे 7200 222 333 पर टॉक टु स्टार पर कॉल कर सकते हैं, ++बिना पॉलिसी वाले लोग भी स्टार हेल्थ कस्टमर ऐप के जरिए घर बैठे 24/7 बिल्कुल मुफ्त वर्चुअल ओपीडी पा सकते हैं
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अजमेर, दिव्यराष्ट्र:/ अजमेर में मानसून के आगमन के साथ ही डेंगू, मलेरिया, बुखार और अन्य संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इसे देखते हुए भारत की प्रमुख स्टैंडअलोन हेल्थ इंश्योरेंस कंपनियों में से एक, स्टार हेल्थ एंड अलाइड इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड ने पूरे राज्य में अपनी मानसून स्वास्थ्य सेवाओं को तेज कर दिया है।
स्टार हेल्थ के वित्त वर्ष 2025-26 के आंकड़ों के अनुसार, राजस्थान में बुखार और संक्रामक बीमारियों के लिए होम हेल्थकेयर यानी घर पर इलाज के इस्तेमाल में 10 गुना बढ़ोतरी देखी गई है। इस बढ़ोतरी के साथ ही, कंपनी की हाल ही में शुरू की गई वर्चुअल ओपीडी सेवा की मांग भी पूरे देश में काफी तेजी से बढ़ी है। अब ज्यादा से ज्यादा ग्राहक डॉक्टरी सलाह के लिए सबसे पहले इसी सेवा को चुन रहे हैं।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बीमारी की शुरुआत में ही सही इलाज देना है। इसके तहत पॉलिसीधारकों को टॉक टू स्टार और होम हेल्थकेयर की मदद दी जा रही है। वहीं, आम जनता भी स्टार हेल्थ कस्टमर ऐप के जरिए 24 घंटे मुफ्त वर्चुअल ओपीडी सेवा का लाभ उठा सकती है। पॉलिसीधारकों के लिए टॉक टू स्टार का हेल्पलाइन नंबर 7200 222 333 है, जहाँ वे मार्गदर्शन पा सकते हैं: ग्राहक होम हेल्थकेयर के लिए 1 दबाएं और योजना के मुताबिक अस्पताल में भर्ती होने के लिए 2 दबाएं।
इस पहल के बारे में बात करते हुए स्टार हेल्थ इंश्योरेंस राजस्थान के बिजनेस हेड विजय अरोड़ा ने कहा, “मानसून के मौसम में बुखार, डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रमण का बढ़ना तय होता है, लेकिन अक्सर लोग तब तक इंतजार करते हैं जब तक कि बीमारी बहुत गंभीर न हो जाए। इस सीजन में हमारा प्रयास इलाज के पहले कदम को आसान बनाना है। पॉलिसीधारक होम हेल्थकेयर या योजना के अनुसार अस्पताल में भर्ती होने में मदद के लिए टॉक टू स्टार हेल्पलाइन नंबर 7200 222 333 पर कॉल कर सकते हैं। वहीं, आम जनता 24 घंटे मुफ्त वर्चुअल ओपीडी सलाह के लिए स्टार हेल्थ ऐप का इस्तेमाल कर सकती है। इस मौसम में शुरुआत में ही सही डॉक्टरी सलाह मिलना बहुत बड़ा बदलाव ला सकता है।”
कम खर्च और बारिश के लिए तैयार स्वास्थ्य सेवाएं: होम हेल्थकेयर की जरूरत
साल 2026 में जारी राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) के 80वें दौर के सर्वे के आंकड़े, परिवारों पर बीमारी और अस्पताल में भर्ती होने के आर्थिक बोझ को दर्शाते हैं। राजस्थान के ग्रामीण इलाकों में प्राइवेट अस्पतालों में भर्ती होने का औसत खर्च 31,770 रुपये और शहरी इलाकों में 48,740 रुपये आता है। यहां इलाज का खर्च महंगा बना हुआ है जिससे अधिकांश लोगों एवं परिवारों को ये खर्च अपनी जेब से उठाना पड़ता है।
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स्टार हेल्थ का मानसून सपोर्ट प्रोटोकॉल दो स्पष्ट रास्ते बनाकर इस अंतर को दूर करता है: पॉलिसीधारकों के लिए टॉक टू स्टार और आम जनता के लिए स्टार हेल्थ कस्टमर ऐप के जरिए मुफ्त वर्चुअल ओपीडी। मिलकर ये सेवाएं परिवारों को बीमारी के लक्षण बिगड़ने या अस्पताल जाने की नौबत आने से पहले, डॉक्टरी सलाह लेने का एक शुरुआती और आसान जरिया देती हैं।
यह पहल मानसून के मौसम के लिए समय पर मिलने वाली तीन मुख्य सेवाओं को एक साथ लाती है:
पॉलिसीधारकों के लिए अनलिमिटेड टेलीकंसल्टेशन* पॉलिसीधारक पॉलिसी की अवधि के दौरान असीमित बार फोन पर डॉक्टर से सलाह ले सकते हैं, जिससे बुखार या संक्रमण का पहला लक्षण दिखते ही समय पर डॉक्टरी सलाह लेने को बढ़ावा मिलता है।
• पॉलिसीधारकों के लिए टॉक टू स्टार*: पॉलिसीधारक सही मार्गदर्शन और सहायता के लिए 7200 222 333 पर कॉल कर सकते हैं। होम हेल्थकेयर के लिए 1 दबाएं और योजना के अनुसार अस्पताल में भर्ती होने के लिए 2 दबाएं। यह सेवा ग्राहकों को इलाज के तरीकों, कैशलेस प्रक्रियाओं, नेटवर्क अस्पतालों के विकल्पों और जरूरी दस्तावेजों को तैयार रखने में मदद करती है।
कैशलेस होम हेल्थकेयर*: ऐसे योग्य पॉलिसीधारकों के लिए जिनकी बीमारी को डॉक्टर की देखरेख में घर पर ठीक किया जा सकता है, स्टार हेल्थ डॉक्टर द्वारा लिखे गए घर पर इलाज के खर्च को कवर करती है। इसमें मरीज के घर पर दी जाने वाली प्रोफेशनल नर्सिंग देखभाल, नियमित खून की जांच और निगरानी, आईवी फ्लूइड और इंजेक्शन शामिल हो सकते हैं।

