
दिव्यराष्ट्र, मुंबई: मिडिल लेयर की नॉन-डिपॉजिट टेकिंग नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC-ML) इंडेल मनी लिमिटेड ने 1,000 रुपये अंकित मूल्य वाले सिक्योर्ड, रेटेड, लिस्टेड और रिडीमेबल नॉन-कनवर्टिबल डिबेंचर (NCD) के पब्लिक इश्यू की घोषणा की है.
यह इश्यू मंगलवार, 18 अगस्त 2026 को खुलेगा और सोमवार, 31 अगस्त 2026 को बंद होगा. इसे समय से पहले बंद करने का विकल्प भी होगा, जो जरूरी मंजूरियों पर निर्भर करेगा.
निवेशक एनसीडी के लिए एक या एक से अधिक आवेदन कर सकते हैं. सभी श्रेणियों को मिलाकर न्यूनतम आवेदन राशि 10,000 रुपये है और उसके बाद 1,000 रुपये के मल्टीपल में आवेदन किया जा सकता है.
इस पब्लिक इश्यू में 25,000 लाख रुपये (250 करोड़ रुपये) का बेस इश्यू शामिल है. इसमें 25,000 लाख रुपये (250 करोड़ रुपये) तक के ओवरसब्सक्रिप्शन का विकल्प (ग्रीन शू विकल्प) है. इस तरह इश्यू का ओवरऑल साइज 50,000 लाख रुपये (500 करोड़ रुपये) तक हो सकता है.
इस इश्यू के मर्चेंट बैंकर ट्रस्ट इन्वेस्टमेंट एडवाइजर्स प्राइवेट लिमिटेड, नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट लिमिटेड और आईडीबीआई कैपिटल मार्केट्स एंड सिक्योरिटीज लिमिटेड हैं.
इस इश्यू से प्राप्त रकम का इस्तेमाल आगे कर्ज देने और मौजूदा उधारी (डेट) को फाइनेंस या रिफाइनेंस करने अथवा डेट सर्विसिंग में किया जाएगा. इसमें कंपनी की मौजूदा उधारी पर ब्याज का भुगतान और/या ब्याज तथा मूलधन का पुनर्भुगतान अथवा समय से पहले भुगतान शामिल है. यदि कोई प्रीपेमेंट पेनल्टी हुई तो कंपनी इस इश्यू से प्राप्त राशि का इस्तेमाल उसके भुगतान के लिए नहीं करेगी. शुद्ध प्राप्तियों का इस्तेमाल पहले इश्यू के घोषित उद्देश्यों के लिए किया जाएगा. इसके बाद बची राशि का उपयोग सामान्य कारोबारी उद्देश्यों के लिए प्रस्तावित है, बशर्ते इसका उपयोग इश्यू के कुल आकार के 25 फीसदी से अधिक न हो और यह सेबी के एनसीएस नियमों के अनुरूप हो.
इंडेल मनी के पूर्णकालिक निदेशक उमेश मोहनन ने कहा, ‘‘हमें अपने पिछले एनसीडी इश्यूज के दौरान बाजार से उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली और हमें इस इश्यू के लिए भी ऐसी ही प्रतिक्रिया की उम्मीद है. निवेशकों के लगातार भरोसे से पता चलता है कि हमारे कारोबारी मॉडल, प्रबंधन टीम, कॉरपोरेट संचालन की व्यवस्थाओं और दीर्घकालिक विकास की रणनीति पर वे यकीन करते हैं. भारतीय अर्थव्यवस्था लगातार मजबूती दिखा रही है और क्रेडिट की डिमांड भी स्वस्थ बनी हुई है. ऐसे में व्यक्तियों और व्यवसायों की वित्तीय जरूरतों को पूरा करने में गोल्ड लोन देने वाली एनबीएफसी सहित संगठित ऋणदाता महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. यह धन जुटाने की प्रक्रिया हमारी पूंजी की स्थिति को और मजबूत करेगी. यह क्रेडिट की बदलती डिमांड को पूरा करने, अपने दीर्घकालिक विकास लक्ष्यों को आगे बढ़ाने तथा नियामकीय आवश्यकताओं का पालन करने की हमारी क्षमता को मजबूत करेगी.’’
31 मार्च 2026 तक इंडेल मनी की एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) 4,10,390.34 लाख रुपये (4,103.90 करोड़ रुपये) थीं, जबकि वित्त वर्ष 2025 में यह 2,33,444 लाख रुपये (2,334.44 करोड़ रुपये) थीं. वित्त वर्ष 2026 के दौरान कंपनी ने 60,596 लाख रुपये (605.96 करोड़ रुपये) की कुल आय और 12,397 लाख रुपये (123.97 करोड़ रुपये) का शुद्ध लाभ दर्ज किया. कंपनी की कुल संपत्ति 63,177 लाख रुपये (631.77 करोड़ रुपये) थी. कंपनी ने परिसंपत्तियों की गुणवत्ता और पूंजी की मजबूती पर ध्यान बनाए रखा. 31 मार्च 2026 तक ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (GNPA) 1.65 फीसदी, नेट नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NNPA) 1.30% और टियर-1 कैपिटल एडीकेसी रेशियो 18.95% था.
30 जून 2026 तक कंपनी की मौजूदगी हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, मध्य प्रदेश, ओडिशा, महाराष्ट्र, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, गुजरात जैसे राज्यों तथा पुडुचेरी, दिल्ली, चंडीगढ़ और अंडमान एवं निकोबार जैसे केंद्र शासित प्रदेशों में फैली हुई थी.





