
अजमेर, दिव्यराष्ट्र:/ भारत की एक सबसे बड़ी एकीकृत बिजली कंपनी, टाटा पावर ने राजस्थान के मुख्य रास्तों पर इलेक्ट्रिक वाहनों को चार्ज करने के लिए और अधिक चार्जिंग स्टेशन इन्स्टॉल करके मौजूदा नेटवर्क को बेहतर बनाया है। अब इलेक्ट्रिक वाहन यूज़र इन छुट्टियों में निर्बाध और तनाव-मुक्त यात्राओं का आनंद ले सकेंगे। पर्यटकों की आवाजाही सबसे ज़्यादा होने के कारण, टाटा पावर ईज़ेड चार्ज नेटवर्क अब प्रमुख राजमार्गों, प्रीमियम होटलों, लोकप्रिय मिड-वे स्टॉप और ज़्यादा लोगों की भीड़-भाड़ वाली जगहों को कवर करता है, जिससे यह सुनिश्चित होता है कि पूरे राज्य में ईवी सड़क यात्रा सुचारू, सुविधाजनक और पूरी तरह से समर्थित रहे। यह नेटवर्क अब राजस्थान के सभी प्रमुख पर्यटन शहरों जैसे जयपुर, उदयपुर, जोधपुर, जैसलमेर, बीकानेर, चित्तौड़गढ़, सवाई माधोपुर और भरतपुर तक फैला हुआ है, टाटा पावर चार्जर इन सभी जगहों पर उपलब्ध हैं।
बेहतर फ़ास्ट-चार्जिंग नेटवर्क में सबसे अधिक यात्रा किए जाने वाले कॉरिडोर शामिल हैं, जैसे दिल्ली-जयपुर मार्ग, जयपुर-उदयपुर राजमार्ग और जयपुर-जोधपुर-जैसलमेर रेगिस्तानी सर्किट। इसके साथ ही जयपुर को बीकानेर, कोटा, दिल्ली, उदयपुर, जोधपुर, आगरा और श्री गंगानगर से जोड़ने वाले राजमार्गों पर कवरेज का विस्तार किया गया है। काफी सोच-विचार करके इन सभी मार्गों पर टाटा पावर के चार्जर्स लगाए गए हैं, ताकि बिना रुकावट यात्रा करना संभव हो सकें। राज्य में आज 120 सार्वजनिक चार्जिंग पॉइंट हैं, साथ ही प्रमुख स्थानों पर डीसी फास्ट चार्जर और 19 एसी चार्जर भी हैं। अब सभी ज़्यादा आवाजाही वाले यात्रा कॉरिडोर में चार्जिंग की विश्वसनीय सुविधा मिल रही है। चार्जर सुरक्षित, सुलभ और यात्री-अनुकूल स्थानों पर लगाए गए हैं ताकि पर्यटकों, परिवारों और लंबी दूरी के यात्रियों को भरोसेमंद सहायता मिल सकें। अकेले जयपुर में 20 चार्जिंग पॉइंट हैं, यह शहर राजस्थान में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए सबसे सुसज्जित डेस्टिनेशन बना है। इसके अलावा दूसरे प्रमुख पर्यटन मार्गों और शहरों जैसे अजमेर, अलवर, भरतपुर, चित्तौड़गढ़, जोधपुर, जैसलमेर और उदयपुर में प्रमुख पर्यटन स्थलों, राज्य और राष्ट्रीय राजमार्गों, होटलों और लोकप्रिय मिड-वे स्टॉप्स में बिठाए गए हैं। सर्दियों में घूमने के लिए निकलने वालों की भीड़ काफी ज़्यादा बढ़ जाती है, इसलिए सबसे मशहूर पर्यटन स्थलों पर अतिरिक्त सीज़नल चार्जिंग स्टेशन भी शुरू किए जा सकते हैं।
भारत के एक सबसे मशहूर पर्यटन क्षेत्र, राजस्थान में कई हेरिटेज शहर, वन्यजीव स्थल, रेगिस्तानी सर्किट और धार्मिक स्थान हैं, जहां साल भर लोगों की काफी ज़्यादा भीड़ लगी रहती है। टाटा पावर के मज़बूत और विस्तृत चार्जिंग नेटवर्क ने इलेक्ट्रिक वाहन यूज़र्स के लिए इन यात्राओं को आसान बना दिया है। टाटा पावर की उन्नत चार्जिंग सुविधाओं ने इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) उपयोगकर्ताओं के लिए हेरिटेज रूट जैसे जयपुर-आमेर-अजमेर-पुष्कर, रणथंभोर और सरिस्का सहित वन्यजीव मार्गों, नाथद्वारा और खाटू श्याम जैसे धार्मिक पर्यटन सर्किटों, और गुजरात और दिल्ली एनसीआर तक अंतरराज्यीय छुट्टियों की यात्राओं को करना आसान बना दिया है। राजस्थान के सबसे लोकप्रिय पर्यटक सर्किटों में कवरेज और सभी प्रमुख संपर्क राजमार्गों पर निर्बाध कनेक्टिविटी के साथ, ईवी यात्री अब पूरे विश्वास के साथ राज्य की यात्रा कर सकते हैं। तेज़ी से बढ़ते नेटवर्क के साथ, ईवी उपयोगकर्ता अब चार्जिंग उपलब्धता या चार्ज खत्म होने की चिंताओं के बिना, पूरे विश्वास के साथ अपनी यात्रा की योजना बना सकते हैं। टाटा पावर जयपुर-दिल्ली, जयपुर-उदयपुर और जयपुर-आगरा मार्गों पर चार्जर अपग्रेड करके 60 किलोवाट / 120 किलोवाट के माध्यम से राजमार्ग कॉरिडोर को और मज़बूत करने की भी योजना बना रही है।
टाटा पावर भारत भर में इलेक्ट्रिक वाहनों के चार्जिंग के लिए एक ऐसा इकोसिस्टम बना रही है जो वर्तमान के साथ-साथ भविष्य की ज़रूरतों को पूरा करने में सक्षम हो। कंपनी ने पहले ही 630 से अधिक शहरों में 1.4 लाख से अधिक होम चार्जर, 5,500 से अधिक सार्वजनिक और कैप्टिव चार्जिंग पॉइंट, और 1,200 से अधिक बस चार्जिंग पॉइंट इन्स्टॉल किए हैं। टाटा पावर का लक्ष्य 2030 तक अपने नेटवर्क को 10,000 सार्वजनिक चार्जिंग पॉइंट और 7.5 लाख होम चार्जर तक बढ़ाना है। राजस्थान में, टाटा पावर ने 123 से अधिक सार्वजनिक चार्जिंग पॉइंट शुरू किए हैं, और सबसे ज़्यादा भीड़-भाड़ वाले यात्रा मार्गों, होटलों और बीच-रास्ते के स्थानों पर चार्जिंग नेटवर्क के विस्तार की योजना बनाई जा रही है। ये प्रयास टाटा पावर की ‘सस्टेनेबल इज़ अटेनेबल’ पहल के तहत राज्य के फलते-फूलते पर्यटन अर्थव्यवस्था और स्वच्छ गतिशीलता की दिशा में भारत के व्यापक प्रयासों दोनों का समर्थन करते हैं।
टाटा पावर राजस्थान में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए अपना ईज़ेड चार्ज नेटवर्क बढ़ा रहा है, ताकि लंबी यात्रा आसान हो सकें। इसका उद्देश्य इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ावा देना है, जिससे प्रदूषण कम हो और यात्रा सस्टेनेबल हो सकें। यह पहल विशेष रूप से छुट्टियों के दौरान इलेक्ट्रिक वाहन चालकों के लिए यात्रा को सुगम बनाने पर केंद्रित है।





